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प्रधानमंत्री मोदी को मिला सियोल शांति पुरस्कार, अवार्ड पाने वाले पहले भारतीय

समय टुडे डेस्क
सियोल, प्रेट्र। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को शुक्रवार को यहां प्रतिष्ठित सियोल शांति पुरस्कार से नवाजा गया। उन्हें यह सम्मान अंतरराष्ट्रीय सहयोग और वैश्विक अर्थव्यवस्था के विकास को बढ़ावा देने में उनके योगदान के लिए दिया गया है। पीएम ने अवार्ड के साथ मिली दो लाख डॉलर (करीब 1.42 करोड़ रुपये) की पुरस्कार राशि नमामि गंगे कार्यक्रम को दान कर दी।

प्रधानमंत्री मोदी को यहां आयोजित एक भव्य समारोह में सियोल पीस प्राइज फाउंडेशन की ओर से यह अवार्ड दिया गया। इस मौके पर मोदी के जीवन और उनकी उपलब्धियों पर एक लघु फिल्म भी दिखाई गई। प्रतिष्ठित सम्मान मिलने पर मोदी ने आभार व्यक्त करते हुए कहा, ‘मैं इस बात से सम्मानित महसूस कर रहा हूं कि मुझे यह पुरस्कार उस साल मिला जब भारत महात्मा गांधी की 150वीं जयंती मना रहा है।

इस मौके पर उन्होंने आतंकवाद के बढ़ते खतरे पर चिंता जाहिर करते हुए कहा, ‘आतंकवाद और कट्टरपंथ दुनिया की शांति और सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा बन गए हैं।’ उन्होंने पाकिस्तान का नाम लिए बगैर कहा कि कोरिया की तरह भारत भी सीमा पार हमले से जूझ रहा है। समय आ गया है कि आतंकवाद के नेटवर्क और उनके फंडिंग चैनल को ध्वस्त करने के लिए मानवता में यकीन रखने वाले सभी लोग एकजुट हो जाएं।

प्रधानमंत्री मोदी सियोल पीस प्राइज अवार्ड पाने वाले पहले भारतीय हैं। मोदी से पहले संयुक्त राष्ट्र के महासचिव कोफी अन्नान और जर्मन चांसलर एंजेला मर्केल समेत 13 हस्तियों को यह पुरस्कार मिल चुका है। दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में 24वें ओलंपिक खेलों के सफल आयोजन की याद में इस पुरस्कार की शुरुआत 1990 में की गई थी। यह पुरस्कार हर दो साल पर दिया जाता है।

प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तर कोरिया के साथ दशकों से चली आ रही शत्रुता खत्म करने और उसे वार्ता की मेज पर लाने में दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति मून जे-इन की भूमिका की प्रशंसा की। उन्होंने कोरियाई प्रायद्वीप में शीघ्र ही शांति का दौर शुरू होने की उम्मीद भी जताई।

मोदी की दो दिवसीय यात्रा के दौरान शुक्रवार को भारत और दक्षिण कोरिया ने छह समझौतों पर हस्ताक्षर किए। इनमें दोनों देशों के बीच बुनियादी ढांचे के विकास, मीडिया, स्टार्ट-अप समेत सीमा पार समस्याओं और अंतरराष्ट्रीय अपराध से मुकाबले जैसे अहम क्षेत्र शामिल हैं। इससे पहले दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति भवन ब्लू हाउस में मोदी का स्वागत किया गया। मोदी और राष्ट्रपति मून ने द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने के मसले पर चर्चा भी की।

अयोध्या की राजकुमारी सुरीरत्ना की स्मृति में एक संयुक्त डाक टिकट जारी करने के लिए भी एक समझौता किया गया है। कोरिया के राजा किम सुरो से विवाह के बाद वह 48 ईसा पूर्व में कोरिया चली गई थीं।

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